राज्य में 5 दिन बदला रहेगा मौसम, कई इलाकों में भारी बारिश और वज्रपात का अलर्ट
Friday, Aug 28, 2026-04:23 PM (IST)
रायपुर। छत्तीसगढ़ में मानसून एक बार फिर सक्रिय नजर आ रहा है। प्रदेश के कई इलाकों में बादलों की आवाजाही और बारिश का दौर जारी है। मौसम विभाग ने आने वाले पांच दिनों के लिए भी राहत और सतर्कता दोनों का संकेत दिया है। कई हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश होती रहेगी, जबकि कुछ स्थानों पर भारी बारिश के साथ गरज-चमक और आकाशीय बिजली गिरने की स्थिति बन सकती है।बारिश और बादलों के बीच फिलहाल तापमान में किसी बड़े बदलाव के संकेत नहीं हैं। ऐसे में प्रदेशवासियों को तेज गर्मी से राहत मिलती रहेगी, हालांकि उमस परेशान कर सकती है।
आज छत्तीसगढ़ में कैसा रहेगा मौसम?
शुक्रवार को प्रदेश के अनेक हिस्सों में बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं। कुछ इलाकों में तेज बौछारों के साथ भारी बारिश की स्थिति भी बन सकती है। मौसम विभाग ने वज्रपात की आशंका को देखते हुए लोगों से सावधानी बरतने की अपील की है। आकाशीय बिजली के दौरान खुले मैदान, खेत, तालाब या पेड़ के नीचे खड़े रहने से बचना जरूरी है। मौसम खराब होने पर सुरक्षित स्थान पर रहना ज्यादा बेहतर होगा।
29 अगस्त: कई इलाकों में बरसेंगे बादल
29 अगस्त को भी प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में बारिश का प्रभाव बना रहने का अनुमान है। कई जगह हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है, जबकि कुछ स्थानों पर भारी बारिश की संभावना है। गरज-चमक के साथ बिजली गिरने का खतरा भी बना रहेगा। लगातार बारिश के कारण ग्रामीण क्षेत्रों में खेतों में काम करने वालों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत होगी।
30 अगस्त: बारिश के साथ वज्रपात का अलर्ट
30 अगस्त को भी मौसम में खास बदलाव की उम्मीद नहीं है। प्रदेश के बड़े हिस्से में बारिश का दौर जारी रह सकता है। एक-दो स्थानों पर भारी बारिश के साथ तेज गरज-चमक और वज्रपात की स्थिति बन सकती है। बादलों के लगातार सक्रिय रहने से दिन के तापमान में भी ज्यादा बढ़ोतरी की संभावना नहीं है।
31 अगस्त: मानसून रहेगा सक्रिय
अगस्त के आखिरी दिन यानी 31 अगस्त को भी प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में बारिश का अनुमान है। कहीं हल्की तो कहीं मध्यम बारिश हो सकती है। कुछ स्थानों पर भारी बारिश और आकाशीय बिजली की संभावना को देखते हुए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
1 सितंबर: बारिश के साथ होगी नए महीने की शुरुआत
सितंबर की शुरुआत भी बारिश के साथ होने के आसार हैं। 1 सितंबर को छत्तीसगढ़ के अनेक इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। वहीं कुछ जगह भारी बारिश देखने को मिल सकती है।
लगातार बारिश वाले क्षेत्रों में निचले इलाकों में पानी भरने जैसी स्थानीय समस्या सामने आ सकती है। ऐसे में प्रशासन के अलर्ट और मौसम संबंधी अपडेट पर नजर रखना जरूरी होगा।
2 सितंबर तक जारी रह सकता है असर
2 सितंबर को भी प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश का दौर बने रहने का अनुमान है। मौसम विभाग ने कुछ स्थानों पर भारी बारिश की संभावना जताई है। यानी अगले पांच दिनों में छत्तीसगढ़ में मानसूनी गतिविधियां कमजोर पड़ती नजर नहीं आ रही हैं।
बस्तर में तेज बारिश, जगदलपुर में 24 MM पानी
पिछले 24 घंटे में भी प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में बारिश दर्ज की गई। सरगुजा, बिलासपुर, दुर्ग और रायपुर संभाग के कुछ क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश हुई। वहीं बस्तर संभाग में कुछ स्थानों पर भारी बारिश दर्ज की गई। जगदलपुर में 24 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड हुई, जो बस्तर क्षेत्र में सक्रिय मानसूनी सिस्टम का संकेत देती है।
रायपुर में छाए रहेंगे बादल, बारिश की भी संभावना
राजधानी रायपुर में आज आसमान में बादलों का डेरा रहने की संभावना है। दिन में एक-दो दौर की बारिश या गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। रायपुर में अधिकतम तापमान करीब 30 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान करीब 25 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। यानी राजधानी में फिलहाल गर्मी के बजाय बादल, उमस और बारिश का असर ज्यादा देखने को मिलेगा।
दुर्ग रहा सबसे गर्म
27 अगस्त को प्रदेश के तापमान की बात करें तो लालपुर में अधिकतम तापमान 30 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। माना एयरपोर्ट पर पारा 30.6 डिग्री सेल्सियस रहा। वहीं दुर्ग में 31.9 डिग्री सेल्सियस के साथ प्रदेश का सबसे अधिक अधिकतम तापमान रिकॉर्ड किया गया। हालांकि आने वाले दिनों में बादल और बारिश के कारण तापमान में अचानक उछाल की संभावना कम है।
अगले 5 दिन क्या संकेत दे रहा मौसम?
मौसम विभाग के अनुमान से साफ है कि फिलहाल छत्तीसगढ़ में मानसून की सक्रियता बनी रहने वाली है। बारिश के कारण तापमान सामान्य के आसपास रहने की संभावना है। ऐसे में लोगों को जहां गर्मी से राहत मिलेगी, वहीं भारी बारिश और वज्रपात वाले क्षेत्रों में सावधानी बरतना बेहद जरूरी होगा। खासकर खेतों में काम करने वाले किसान, खुले क्षेत्रों में रहने वाले लोग और बारिश के दौरान यात्रा करने वाले लोग मौसम विभाग की चेतावनियों को नजरअंदाज न करें। खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थान पर रहना ही सबसे बेहतर विकल्प है।

