राज्य में जल्द बड़े तबादले! इन जिलों के कलेक्टर हट सकते हैं, नई सूची पर सरकार की तैयारी; अफसरों से CM ने कही बड़ी बात
Friday, Mar 06, 2026-02:06 PM (IST)
भोपाल। मध्यप्रदेश में जल्द ही बड़ा प्रशासनिक फेरबदल देखने को मिल सकता है। जनगणना की तैयारियों और जिलों में प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूत करने के लिए प्रदेश सरकार कलेक्टरों की नई तैनाती की तैयारी कर रही है। माना जा रहा है कि इस महीने के दूसरे सप्ताह में तबादलों की बड़ी सूची जारी हो सकती है, जिसमें कई जिलों के कलेक्टर बदले जा सकते हैं।
दरअसल प्रदेश में एसआईआर की प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब जनगणना का काम शुरू होना है। इसे देखते हुए सरकार जिलों में प्रशासनिक ढांचे को नए सिरे से मजबूत करना चाहती है। कई जिलों में कलेक्टरों का कार्यकाल दो साल से ज्यादा हो चुका है, जबकि कुछ अधिकारियों को उनके प्रदर्शन के आधार पर भी हटाने की चर्चा है।
इन जिलों के कलेक्टर आ सकते हैं बदलाव की जद में
चर्चाओं के अनुसार भोपाल, ग्वालियर, धार और शहडोल समेत कई जिलों में कलेक्टर बदले जा सकते हैं। 2010 बैच के आईएएस अधिकारी और भोपाल कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह सेक्रेटरी रैंक में आ चुके हैं, ऐसे में उन्हें मंत्रालय में पदस्थ किए जाने की संभावना है।
वहीं 2011 बैच की आईएएस और ग्वालियर कलेक्टर रूचिका चौहान भी अगले वर्ष सेक्रेटरी रैंक में पहुंचने वाली हैं। प्रशासनिक स्तर पर उन्हें भी नई जिम्मेदारी मिलने की चर्चा है।
इन कलेक्टरों के तबादले की भी चर्चा
सूत्रों के अनुसार धार कलेक्टर प्रियंक मिश्रा, शहडोल कलेक्टर केदार सिंह, बैतूल कलेक्टर नरेंद्र सूर्यवंशी, झाबुआ कलेक्टर नेहा मीना, शिवपुरी कलेक्टर रविंद्र चौधरी, रीवा कलेक्टर प्रतिभा पाल सिंह और नर्मदापुरम कलेक्टर सोनिया मीना को भी इधर-उधर किया जा सकता है।
शिकायतों के आधार पर भी हो सकता है बदलाव
मोहन सरकार लंबे समय से एक ही जिले में जमे अधिकारियों को हटाने पर विचार कर रही है। जनप्रतिनिधियों से मिली शिकायतों के सत्यापन के बाद कुछ अधिकारियों को हटाकर उनकी जगह युवा और नए अधिकारियों को जिलों की कमान सौंपी जा सकती है।
CM मोहन यादव का साफ संदेश
संभावित प्रशासनिक सर्जरी से पहले मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कलेक्टरों को साफ संदेश दिया है कि जिले में वही अधिकारी टिकेंगे जो बेहतर प्रदर्शन और परिणाम देंगे।गुरुवार को मंत्रालय में एसीएस और पीएस के साथ विभागीय समीक्षा के बाद मुख्यमंत्री ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए सभी कलेक्टरों से संवाद किया और शासन की योजनाओं को जमीन पर प्रभावी तरीके से लागू करने के निर्देश दिए।प्रशासनिक गलियारों में माना जा रहा है कि सरकार जल्द ही बड़ा फैसला लेते हुए जिलों में नई टीम उतार सकती है, जिससे जनगणना सहित अन्य सरकारी योजनाओं का क्रियान्वयन तेज हो सके।

