विकास कार्यों के नाम पर कर दिया लाखों का फर्जीवाड़ा! सरपंच के खिलाफ कड़ा एक्शन
Saturday, Sep 12, 2026-09:15 PM (IST)
सागर : मध्यप्रदेश में सागर जिले के शाहगढ़ जनपद पंचायत की ग्राम पंचायत नौराज में विकास कार्यों के नाम पर सात लाख 49 हजार 79 रुपए के वित्तीय गबन का मामला सामने आने पर जिला पंचायत सीईओ जगदीश कुमार गोमे ने सरपंच राजकुमारी राजपूत के वित्तीय आहरण एवं संवितरण अधिकार तत्काल प्रभाव से सीज कर दिए हैं। इसके साथ ही उन्हें अंतिम कारण बताओ नोटिस जारी किया है। इस मामले में कलेक्टर प्रतिभा पाल द्वारा सभी अधिकारियों को सरकारी निधि के पारदर्शी उपयोग और अनियमितता बरतने वालों पर कड़ी दंडात्मक कारर्वाई के स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं। जनपद पंचायत शाहगढ़ की जांच रिपोर्ट के आधार पर यह सख्त कारर्वाई की गई है। जांच में सामने आया कि 15वें वित्त आयोग और मनरेगा मद के तहत स्वीकृत तीन बड़े निर्माण कार्यों में बिना कोई काम कराए ही राशि आहरित कर ली गई।
ग्राम ततरवारा के सामुदायिक स्वच्छता परिसर में प्राथमिक शाला के समीप तीन लाख 81 हजार रुपए की लागत से स्वीकृत सामुदायिक स्वच्छता परिसर के मद से एक लाख 91 हजार 67 रुपए का आहरण बिना मूल्यांकन के कर लिया गया, जबकि मौके पर कोई निर्माण नहीं पाया गया। नौराज में कौशल्या के घर से केवलारी परिवार के घर तक स्वीकृत पांच लाख 87 हज़ार की सी.सी. रोड के लिए दो लाख 78 हजार 167 रुपए बिना कार्य और बिना मूल्यांकन के निकाल लिए गए। सात लाख रुपए की लागत से स्वीकृत स्टॉप डेम के नाम पर दो लाख 79 हजार 845 रुपए की राशि आहरित कर ली गई, जबकि स्थल पर स्टॉप डेम का कोई वजूद ही नहीं मिला। ग्राम पंचायत सचिव डाल सिंह लोधी के बयानों और दस्तावेजों की पड़ताल से फर्जीवाड़े की पुष्टि हुई है। पूर्व में जारी नोटिस का संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर कलेक्टर के निर्देशानुसार अंतिम अवसर देते हुए 21 सितंबर तक साक्ष्यों के साथ व्यक्तिगत उपस्थिति का नोटिस थमाया गया है। म.प्र. पंचायत राज अधिनियम की धारा 40 के तहत सरपंच को पद से पृथक करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। तय समय में जवाब न मिलने पर एक पक्षीय बर्खास्तगी की कारर्वाई की जाएगी।
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