कांग्रेस की अंदरूनी कलह पर BJP की नजर, कैलाश विजयवर्गीय बोले- पार्टी ने उम्मीदवार उतारा तो तीसरी राज्यसभा सीट भी जीतेंगे
Saturday, Jun 06, 2026-12:53 PM (IST)
भोपाल। मध्यप्रदेश में राज्यसभा चुनाव की सरगर्मियां तेज हो चुकी हैं। भाजपा अपने दोनों उम्मीदवारों के नामांकन की तैयारी पूरी कर चुकी है, वहीं कांग्रेस के भीतर उम्मीदवार चयन को लेकर उठे असंतोष ने राजनीतिक गलियारों में नई बहस छेड़ दी है। इसी बीच प्रदेश सरकार के वरिष्ठ मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के एक बयान ने सियासी तापमान और बढ़ा दिया है।
विजयवर्गीय ने दावा किया है कि भाजपा को यदि तीसरा उम्मीदवार भी मैदान में उतारना पड़े तो पार्टी उसे भी जिताने की क्षमता रखती है। उनका यह बयान ऐसे समय आया है जब कांग्रेस द्वारा राज्यसभा के लिए मीनाक्षी नटराजन को उम्मीदवार बनाए जाने के बाद पार्टी के भीतर असहमति और नाराजगी खुलकर सामने आ रही है।
भाजपा ने शनिवार को अपने दोनों उम्मीदवारों तरुण चुघ और रजनीश अग्रवाल के नामांकन के लिए पूरी रणनीति तैयार कर ली है। पार्टी ने नामांकन पत्रों के कई सेट तैयार करवाए हैं और विधायकों को प्रस्तावक बनाया गया है। इससे साफ संकेत मिल रहे हैं कि भाजपा चुनाव को लेकर कोई जोखिम लेने के मूड में नहीं है।
दूसरी ओर कांग्रेस में मीनाक्षी नटराजन की उम्मीदवारी को लेकर कुछ वरिष्ठ नेताओं की नाराजगी पार्टी के लिए चिंता का विषय बन गई है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि यदि यह असंतोष मतदान तक बना रहता है तो क्रॉस वोटिंग की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता। भाजपा भी कांग्रेस की इसी अंदरूनी खींचतान पर नजर बनाए हुए है।
इंदौर में भाजपा कार्यालय के भूमिपूजन कार्यक्रम के दौरान कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि पार्टी ने जिन नेताओं को उम्मीदवार बनाया है, वे लंबे समय से संगठन के लिए पर्दे के पीछे रहकर काम करते रहे हैं। उन्होंने दोनों सीटों पर भाजपा की जीत का भरोसा जताते हुए तीसरी सीट जीतने का दावा भी कर दिया।
अब राज्यसभा चुनाव केवल संख्याबल की लड़ाई नहीं रह गया है, बल्कि यह राजनीतिक एकजुटता और संगठनात्मक मजबूती की परीक्षा भी बनता जा रहा है। आने वाले दिनों में यह देखना दिलचस्प होगा कि कांग्रेस अपने भीतर उठ रहे असंतोष को कितना नियंत्रित कर पाती है और भाजपा अपने आत्मविश्वास को चुनावी नतीजों में बदल पाती है या नहीं।

