तहसीलदार की मां के नाम खदान के दावे से हड़कंप, सरेआम भिड़े जिला पंचायत सदस्य प्रतिनिधि और अफसर!
Friday, Jun 12, 2026-09:11 PM (IST)
डबरा/ग्वालियर (भरत रावत): डबरा के बिलौआ क्षेत्र में चल रहा ₹74 करोड़ का अवैध उत्खनन मामला अब एक हाई-प्रोफाइल राजनीतिक और प्रशासनिक जंग में तब्दील हो गया है। जिला पंचायत सदस्य प्रतिनिधि मुकेश परिहार ने मीडिया के सामने एक बेहद चौंकाने वाला और सनसनीखेज दावा किया है। परिहार ने सबूत दिखाते हुए आरोप लगाया कि जिस खदान में सरेआम अवैध खनन हो रहा है, वह असल में स्थानीय तहसीलदार की मां के नाम पर पंजीकृत है, और खुद तहसीलदार दिव्य दर्शन शर्मा उसमें गवाह बने हुए हैं।

इस गंभीर खुलासे के बाद जब इस बात की पुष्टि करने के लिए तहसीलदार दिव्य दर्शन शर्मा का बयान लेना चाहा, तो परिसर में ही दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए और जमकर तीखी बहस हुई। तहसीलदार ने अपने ऊपर लगे सभी आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए उल्टा जिला पंचायत सदस्य प्रतिनिधि मुकेश परिहार और उनके साथियों पर 'ब्लैकमेलिंग' करने का गंभीर आरोप मढ़ दिया।तहसीलदार दिव्य दर्शन शर्मा ने मीडिया के सामने कहा, "यह सब सिर्फ ब्लैकमेल करने का तरीका है। मामले की निष्पक्ष जांच तहसीलदार ही करेंगे, और यदि मैं दोषी पाया जाता हूं तो मेरे खिलाफ कार्रवाई की जाए।"
वहीं दूसरी ओर, मुकेश परिहार ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि जब अधिकारी खुद ही इस पूरे खेल में भागीदार और पार्टनर हैं, तो क्षेत्र की जनता को न्याय कैसे मिलेगा? कैमरे के सामने हुई इस तीखी नोकझोंक और हाई-वोल्टेज ड्रामे का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

जनप्रतिनिधि ने दो टूक चेतावनी दी है कि वे इस प्रशासनिक तानाशाही और भ्रष्टाचार के खिलाफ चुप नहीं बैठेंगे और मामले को सीधे मुख्यमंत्री मोहन यादव और लोकायुक्त तक लेकर जाएंगे। इस तीखी बहस ने अब पूरे प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मचा दिया है।

