CM मोहन यादव का कांग्रेस पर वार, बोले- डर और पिछड़ेपन की छवि से बाहर निकला मध्यप्रदेश
Sunday, Oct 18, 2026-06:01 PM (IST)
भोपाल। मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कांग्रेस के शासनकाल और वर्तमान भाजपा सरकार के कार्यकाल की तुलना करते हुए प्रदेश में हुए विकास कार्यों का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि पहले मध्यप्रदेश के चंबल क्षेत्र में डाकुओं का आतंक था, जबकि बालाघाट, डिंडोरी, मंडला और शहडोल जैसे इलाकों में नक्सलवाद का भय बना रहता था। सड़कों की खराब स्थिति और बिजली की अव्यवस्था भी उस समय की प्रमुख समस्याएं थीं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस के शासनकाल में प्रदेश के कई क्षेत्रों में लोगों को असुरक्षा और बुनियादी सुविधाओं की कमी का सामना करना पड़ता था। सड़कों की हालत इतनी खराब थी कि गड्ढों के बीच सड़क तलाशना मुश्किल हो जाता था। वहीं, बिजली व्यवस्था की बदहाली के कारण लोगों को रात में अंधेरे में रहना पड़ता था।
नक्सलवाद के खिलाफ कार्रवाई का किया जिक्र
डॉ. मोहन यादव ने कहा कि उनकी सरकार ने प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में विकास और सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए लगातार काम किया है। सरकार ने मध्यप्रदेश को भय, असुरक्षा और पिछड़ेपन की छवि से बाहर निकालने के प्रयास किए हैं।
उन्होंने नक्सलवाद के खिलाफ की गई कार्रवाई का उल्लेख करते हुए कहा कि सरकार का संकल्प प्रदेश से नक्सलवाद और हिंसा का पूरी तरह सफाया करना है। मुख्यमंत्री के मुताबिक, नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के साथ विकास कार्यों को भी आगे बढ़ाया जा रहा है।
महाकाल महालोक और धार्मिक स्थलों के विकास पर जोर
मुख्यमंत्री ने कांग्रेस की सोच पर सवाल उठाते हुए धार्मिक स्थलों के विकास का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने कहा कि प्रदेश के देवी-देवताओं के पवित्र धाम और धार्मिक स्थल सदियों पुराने हैं, लेकिन कांग्रेस के शासनकाल में इनके विकास और श्रद्धालुओं की सुविधाओं पर अपेक्षित ध्यान नहीं दिया गया।
उन्होंने भगवान महाकाल के महालोक और भगवान श्रीराम से जुड़े धार्मिक स्थलों के विकास का जिक्र करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में धार्मिक आस्था और सांस्कृतिक विरासत को नई पहचान मिल रही है।
विकास और सांस्कृतिक गौरव को बताया सरकार की प्राथमिकता
डॉ. मोहन यादव ने कहा कि आज मध्यप्रदेश में विकास, सुशासन और सांस्कृतिक गौरव को साथ लेकर आगे बढ़ने का प्रयास किया जा रहा है। सरकार का लक्ष्य प्रदेश के सभी क्षेत्रों में विकास को गति देना, नागरिकों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना और धार्मिक एवं सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करना है। मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया कि प्रदेश विकास और सुशासन के क्षेत्र में आगे बढ़ते हुए नई पहचान स्थापित करेगा।

