कांग्रेस के कद्दावर नेता के बयान से MP में हलचल, सिंधिया समर्थक नेताओं से अपील-फिर पार्टी में आएं,सम्मान भी मिलेगा, चिंता भी करेंगे
Thursday, Jun 18, 2026-11:16 PM (IST)
(ग्वालियर): मध्य प्रदेश की राजनीति में नई उठापटक शुरु हो चुकी है। बीजेपी नेत्री इमरती देवी के एक बयान के बाद सियासी बाण छोड़े जा रहे हैं और राजनीतिक हवाएं गर्म है। दरअसल पूर्व मंत्री और कट्टर सिंधिया समर्थक इमरती देवी का वरिष्ठ नेता और पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह को भाजपा में आने का न्योता दिया था और बीजेपी के समुद्र बताया था। इस बयान पर अब कांग्रेस ने जोरदार पलटवार किया है।
इस मामले में कांग्रेस विधायक सतीश सिकरवार ने इमरती देवी को जवाब दिया और 2020 में ज्योतिरादित्य सिंधिया के साथ कांग्रेस छोड़कर भाजपा में गए नेताओं के मौजूदा राजनीतिक भविष्य पर भी प्रश्न चिन्ह लगा दिए हैं। यही नहीं सतीश सिकरवार ने बड़ी बात बोलते हुए सभी को घर वापसी की सलाह भी दे डाली है।
इमरती देवी को जवाब देते हुए सतीश सिकरवार ने कहा कि इमरती जी ने जिस मकसद से कांग्रेस छोड़कर बीजेपी ज्वाइन की थी, वह उद्देश्य सफल नहीं हो पाया है। इमरती के दिल में कांग्रेस छोड़ने का पछतावा है।
साथ ही सतीश सिकरवार ने कांग्रेस छोड़ गए नेताओं पर तंज कसते हुए कहा है कि सिंधिया जी का अपमान भारतीय जनता पार्टी में हो रहा है, तो इनका क्या हाल होगा। जब सिंधिया कांग्रेस में थे तब ग्वालियर-चंबल संभाग में बिना सिंधिया जी के पत्ता भी नहीं हिलता था लेकिन आज बीजेपी में एक-एक पद के लिए उन्हें संघर्ष करना पड़ रहा है। सिकरवार ने कहा कि उनके साथ गए 22-23 लोग आज हाशिये पर हैं, 5-6 जो रह भी गए हैं उनको भी अगले चुनाव तक भारतीय जनता पार्टी निपटा देगी।
सिकरवार ने किया घर वापसी का आह्वान
सिकरवार ने कहा कि मैं इमरती जी को यही कहना चाहता हूं कि वह अपने नेताओं से बात करें, जो सब कांग्रेस पार्टी छोड़कर गए थे, वह वापस कांग्रेस में आएं। उनको सम्मान भी दिया जाएगा और उनकी चिंता भी की जाएगी। लेकिन आज इमरती देवी को पार्टी छोड़ने का आज मलाल है। कांग्रेस छोड़ने के बाद वह भाजपा में हाशिये पर जा रही हैं। लिहाजा इमरती देवी के बयान से शुरु हुई ये राजनीतिक बयानबाजी अब सतीश सिकरवार के बयान के बाद फिर गरमा गई है।

