60 साल पुरानी परंपरा के पुन्नी मेले में हिंसा, मामूली विवाद बना खूनी संघर्ष; 5 घायल, एक की हालत गंभीर
Monday, Jan 05, 2026-11:24 AM (IST)
धमधा। (हेमंत पाल): छत्तीसगढ़ के धमधा थाना क्षेत्र के सगनी गांव, जहां तीन नदियों का पावन त्रिवेणी संगम स्थित है, वहां बीते लगभग 60 वर्षों से पुन्नी पर्व पर पारंपरिक मेले का आयोजन किया जाता है। इस अवसर पर हर वर्ष आसपास के क्षेत्रों से लाखों श्रद्धालु त्रिवेणी संगम में स्नान कर धार्मिक अनुष्ठान करते हैं और मेले में शामिल होते हैं। इस वर्ष आयोजित पुन्नी मेला उस समय चर्चा में आ गया, जब मेले के दौरान हिंसक घटना सामने आई, जिससे कुछ समय के लिए क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
मामूली विवाद से बढ़ा मामला
प्राप्त जानकारी के अनुसार, पुन्नी मेला के दौरान सिल्ली लोधेश्वर महादेव मंदिर के पास साधारण बातचीत के दौरान विवाद उत्पन्न हो गया। विवाद ने देखते ही देखते उग्र रूप ले लिया और जानलेवा हमला किया गया।
इस घटना में ओमप्रकाश पटेल सहित कुल पांच लोग घायल हो गए।
ओमप्रकाश पटेल को गंभीर चोटें आई हैं उन्हें जिला अस्पताल दुर्ग में भर्ती कराया गया है, जहां उपचार जारी है। अन्य चार घायलों का प्राथमिक उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई
मेले में कुछ समय के लिए अव्यवस्था
घटना के बाद मेले में अव्यवस्था और भगदड़ जैसी स्थिति बन गई थी। सूचना मिलने पर धमधा थाना प्रभारी राम नारायण ध्रुव पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और स्थिति को नियंत्रित किया गया। इसके बाद मेला क्षेत्र में शांति बहाल की गई।

13 आरोपी गिरफ्तार, जांच जारी
पुलिस ने मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए 13 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से दो धारदार चाकू ,डंडे, हाथ पर पहनने वाले कड़ा बरामद किए गए हैं। पुलिस के अनुसार घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच की जा रही है।
सुरक्षा व्यवस्था को लेकर उठे प्रश्न
घटना के बाद श्रद्धालुओं और स्थानीय नागरिकों के बीच मेला सुरक्षा व्यवस्था को लेकर चर्चा देखी गई। चूंकि पुन्नी मेला एक बड़ा और संवेदनशील आयोजन होता है, ऐसे में
भीड़ में हथियारों की मौजूदगी कैसे संभव हुई
तलाशी और निगरानी व्यवस्था कितनी प्रभावी थी
भविष्य में ऐसी घटनाओं की रोकथाम के लिए क्या अतिरिक्त कदम उठाए जाएंगे जैसे प्रश्नों पर प्रशासन और पुलिस की ओर से समीक्षा की आवश्यकता महसूस की जा रही है।
गिरफ्तार आरोपियों के नाम
जितेन्द्र उर्फ भोला राउत (23) बोड़ेगांव
तोप सिंह यादव (26) बानबरद
पवन कुमार साहू (18) बागडूमर
देवेन्द्र यादव (19)
बानबरद
गोपी ठाकुर (24) डोंगरिया (कोड़िया)
जयप्रकाश पटेल (24) बानबरद
सोनू ठाकुर (18) बानबरद
पुरेन्द्र ठाकुर (25) बानबरद
मनीष कुमार ध्रुव (25) डोंगरिया
हीरानंद यादव (23) बागडूमर
डोमेन्द्र साहू (29) बानबरद
(सभी थाना नन्दिनी नगर, जिला दुर्ग)
आस्था और सुरक्षा के संतुलन की जरूरत
सगनी का पुन्नी मेला क्षेत्र की आस्था, परंपरा और सामाजिक सहभागिता का प्रतीक माना जाता है। इस प्रकार की घटनाएं न केवल श्रद्धालुओं की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ाती हैं, बल्कि भविष्य में मेले की व्यवस्थाओं को और अधिक सुदृढ़ करने की आवश्यकता भी दर्शाती हैं।

