केंद्रीय गृह मंत्रालय ने IPS अधिकारियों की पदोन्नति नियमों में किया बड़ा बदलाव,जाने क्या हैं अहम आदेश
Monday, Feb 02, 2026-08:09 PM (IST)
(भोपाल): प्रमोशन के मामले में केंद्रीय गृह मंत्रालय ने एक बड़ा फैसला लिया है। दरअसल केंद्रीय गृह मंत्रालय ने आईपीएस अधिकारियों की पदोन्नति के नियमों में एक बड़ा बदलाव किया है। IPS प्रमोशन को लेकर केंद्रीय गृह मंत्रालय का ये अहम फैसला सामने आया है।
SP या DIG स्तर पर कम से कम 2 साल का केंद्रीय प्रतिनियुक्ति का अनुभव होना जरुरी
दरअसल केंद्रीय गृह मंत्रालय ने आईपीएस अधिकारियों की वरिष्ठ केंद्रीय पदों पर नियुक्ति के नए नियम लागू किए है। नए नियमों के तहत आईजी जैसे पदों के लिए अब SP या DIG स्तर पर कम से कम 2 साल का केंद्रीय प्रतिनियुक्ति का अनुभव होना जरुरी कर दिया है।
इस नियम में बदलाव करने का ये एक कारण यह भी है कि ताकि केंद्र में आईपीएस अधिकारियों के संकट को खत्म किया जा सके। इस दिशा में भी ये अहम पहल देखी जा रही है। वैसे केंद्र में आईपीएस प्रतिनियुक्ति के लिए 700 से ज्यादा पद स्वीकृत हैं लेकिन मौजूदा समय में 200 से अधिक पद खाली पड़े है।
गृह मंत्रालय की ओर से जो नया आदेश जारी हुआ है उसके अनुसार 2011 बैच और उसके बाद के आईपीएस अधिकारियों को केंद्रीय प्रतिनियुक्ति का अनुभव जरूरी होगा। केंद्रीय गृह मंत्रालय के इस आदेश के बाद मध्यप्रदेश कैडर के आईपीएस अधिकारियों पर भी इसका प्रभाव पड़ेगा। वहीं गृह मंत्रालय की ओर से मुख्य सचिवों को यह आदेश जारी भी हो चुका है। ।
इस नियम को लागू करने के पीछे केंद्रीय स्तर पर वरिष्ठ पुलिस नेतृत्व को मजबूत करना और IPS अधिकारियों की कमी को पूरा करना है । अधिकारियों का ये भी कहना है कि कई वर्षों से राज्य सरकारें माकूल संख्या में अधिकारियों को केंद्रीय प्रतिनियुक्ति के लिए नहीं भेज रही हैं। इसकी वजह से केंद्रीय पुलिस संगठन और सशस्त्र बलों में एसपी ,डीआईजी स्तर पर पद भरे नहीं जा पा रहे थे। इस नियम से केंद्र और राज्य के बीच संतुलन साधने की भी गृह मंत्रालय की कोशिश है।

