सहकारिता चुनाव के लिए कांग्रेस का बड़ा दांव, 7 सदस्यीय हाई-पावर कमेटी गठित
Monday, Jun 22, 2026-07:14 PM (IST)
भोपाल : मध्य प्रदेश में आगामी सहकारिता चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में अपनी पकड़ मजबूत करने और किसानों के मुद्दों को प्रमुखता से उठाने के लिए कांग्रेस ने बड़ी रणनीतिक तैयारी शुरू कर दी है। पार्टी ने सहकारिता चुनाव की कमान संभालने के लिए 7 सदस्यीय हाई-पावर कमेटी का गठन किया है।
कांग्रेस द्वारा गठित इस विशेष समिति में प्रदेश के वरिष्ठ और अनुभवी नेताओं को शामिल किया गया है। समिति का काम सहकारिता चुनाव की रणनीति तैयार करना, संगठन को बूथ और ग्रामीण स्तर तक सक्रिय करना और किसानों से जुड़े मुद्दों को प्रभावी ढंग से उठाना होगा।

कांग्रेस का मानना है कि सहकारिता संस्थाओं के चुनाव ग्रामीण राजनीति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। ऐसे में किसानों की समस्याएं, खाद-बीज की उपलब्धता, कृषि ऋण और फसलों के उचित दाम जैसे मुद्दों को लेकर पार्टी चुनावी मैदान में उतरेगी।
हाई-पावर कमेटी में पूर्व केंद्रीय मंत्री और पूर्व प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अरुण यादव, वरिष्ठ नेता अशोक सिंह, पूर्व नेता प्रतिपक्ष डॉ. गोविंद सिंह, भगवान सिंह यादव, भंवर सिंह शेखावत, चंद्रिका प्रसाद द्विवेदी और वीरेंद्र गिरी गोस्वामी को शामिल किया गया है।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि कांग्रेस सहकारिता चुनावों के जरिए ग्रामीण वोट बैंक में अपनी पकड़ मजबूत करने की कोशिश कर रही है। वहीं पार्टी नेतृत्व को उम्मीद है कि किसानों और ग्रामीण वर्ग से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता देकर संगठन को नई ऊर्जा मिलेगी।
सहकारिता चुनाव भले ही सीधे तौर पर विधानसभा या लोकसभा चुनाव न हों, लेकिन इन्हें ग्रामीण राजनीति का महत्वपूर्ण आधार माना जाता है। ऐसे में कांग्रेस की यह नई रणनीति आने वाले समय में प्रदेश की राजनीति पर कितना असर डालती है, इस पर सभी की नजरें टिकी रहेंगी।

