क्या BJP विधायक के प्रभाव में पुलिस? FIR नहीं होने पर हाईकोर्ट ने मांगा जवाब
Saturday, Jun 20, 2026-01:07 PM (IST)
जबलपुर। विजयराघवगढ़ से भाजपा विधायक Sanjay Pathak के खिलाफ दर्ज कराई गई शिकायत पर कार्रवाई नहीं होने के मामले में मध्यप्रदेश हाईकोर्ट ने सख्त रुख अपनाया है। कोर्ट ने राज्य सरकार से पूछा है कि शिकायत पर अब तक क्या कार्रवाई की गई और इस संबंध में विस्तृत जवाब पेश करने के निर्देश दिए हैं। मामले की अगली सुनवाई 6 जुलाई को निर्धारित की गई है।
कटनी निवासी आर्म्स डीलर नाजिम खान द्वारा दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट की एकलपीठ ने शासन से जवाब तलब किया। याचिकाकर्ता का आरोप है कि विधायक संजय पाठक ने सार्वजनिक मंचों से उनके खिलाफ ऐसे बयान दिए, जिनसे उनकी सामाजिक प्रतिष्ठा और व्यावसायिक साख को गंभीर नुकसान पहुंचा।
याचिका के अनुसार विधायक ने नाजिम खान पर स्टॉक से 14 हजार कारतूस गायब होने, अवैध हथियारों की बिक्री और आपराधिक प्रवृत्ति के लोगों के हथियार लाइसेंस बनवाने जैसे आरोप लगाए थे। इन आरोपों को निराधार बताते हुए नाजिम खान ने पुलिस और प्रशासन से शिकायत की, लेकिन उनकी शिकायत पर न तो एफआईआर दर्ज की गई और न ही किसी प्रकार की जांच शुरू की गई।
याचिकाकर्ता ने अदालत को बताया कि कैमोर में हुए एक चर्चित हत्याकांड के बाद विधायक ने सार्वजनिक रूप से एक पूर्व आर्म्स डीलर का जिक्र करते हुए गंभीर आरोप लगाए थे। उनका दावा है कि अगले दिन दिए गए बयान में विधायक ने उनका नाम लेकर भी वही आरोप दोहराए।
नाजिम खान का कहना है कि हथियारों की दुकान का लाइसेंस सरेंडर करते समय प्रशासन द्वारा नियमानुसार हथियारों और कारतूसों का पूरा सत्यापन किया गया था। बाद में लगाए गए आरोपों के आधार पर दोबारा जांच हुई, लेकिन किसी प्रकार की अनियमितता सामने नहीं आई। इसके बावजूद सार्वजनिक रूप से लगाए गए आरोपों से उनकी प्रतिष्ठा को ठेस पहुंची। मामले की सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने शिकायत पर हुई कार्रवाई का पूरा ब्यौरा पेश करने के निर्देश दिए हैं। अब निगाहें अगली सुनवाई पर टिकी हैं, जहां राज्य सरकार को अपना पक्ष रखना होगा।

