जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्रों में चल रहा था फर्जीवाड़ा, पंचायत सचिव निलंबित; FIR दर्ज कराने के निर्देश
Monday, May 18, 2026-01:12 PM (IST)
भिण्डः मध्यप्रदेश में भिण्ड जिले के गोहद अनुभाग स्थित ग्राम पंचायत लहचूरा में जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्रों में अनियमितता का मामला सामने आने पर जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी ने पंचायत सचिव माताप्रसाद बघेल को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। साथ ही जनपद पंचायत गोहद के मुख्य कार्यपालन अधिकारी को आरोपी सचिव के खिलाफ मालनपुर थाने में प्राथमिकी दर्ज कराने के निर्देश दिए गए हैं।
भिण्ड जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी वीरसिंह चौहान ने बताया कि कलेक्टर कार्यालय के जिला योजना एवं सांख्यिकी विभाग की जांच रिपोर्ट में यह मामला उजागर हुआ। जांच में पाया गया कि पंचायत सचिव माताप्रसाद बघेल की आईडी और पासवर्ड का उपयोग कर कई जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र जारी किए गए और बाद में उन्हें निरस्त कर दिया गया। जांच रिपोर्ट के अनुसार रमेश जाटव का मृत्यु प्रमाण पत्र 6 जून 2024 और 7 जून 2024 को दो बार पंजीकृत किया गया। रामजीलाल का मृत्यु प्रमाण पत्र 7 जून 2024 को जारी हुआ, जिसे 23 दिसंबर 2024 को निरस्त कर दिया गया। लोकमन का प्रमाण पत्र 6 मार्च 2023 को पंजीकृत किया गया और 22 जनवरी 2025 को निरस्त किया गया।
मुन्नी देवी माहौर का जन्म प्रमाण पत्र 22 जुलाई 2023 को जारी कर 1 फरवरी 2025 को निरस्त कर दिया गया। अधिकारियों द्वारा संबंधित दस्तावेज मांगे जाने पर सचिव कोई भी आधिकारिक अभिलेख प्रस्तुत नहीं कर सके। इसे पदीय दायित्वों के निर्वहन में घोर लापरवाही मानते हुए सचिव को निलंबित कर दिया गया। निलंबन अवधि में उनका मुख्यालय जनपद पंचायत गोहद निर्धारित किया गया है। मामले की विभागीय जांच भी शुरू कर दी गई है। जनपद पंचायत गोहद के मुख्य कार्यपालन अधिकारी को जांच अधिकारी तथा खंड पंचायत अधिकारी को प्रस्तुतकर्ता अधिकारी नियुक्त किया गया है। दोनों अधिकारियों को एक माह के भीतर जांच प्रतिवेदन प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।

