सट्टा ऐप के युवक से पूर्व CM की कथित चैट वायरल! मचा सियासी भूचाल, पूर्व मुख्यमंत्री बोले- सब फर्जी है
Thursday, Jun 18, 2026-06:17 PM (IST)
भिलाई। महादेव सट्टा ऐप के कथित संचालक सौरभ चंद्राकर और छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के बीच कथित सोशल मीडिया चैट का स्क्रीनशॉट वायरल होने के बाद प्रदेश की राजनीति गरमा गई है। सोशल मीडिया पर तेजी से प्रसारित हो रही इस कथित बातचीत को लेकर कांग्रेस ने इसे पूर्व मुख्यमंत्री की छवि धूमिल करने की साजिश करार दिया है, जबकि भूपेश बघेल ने वायरल चैट को पूरी तरह फर्जी और फोटोशॉप्ड बताते हुए कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी है।
बुधवार को मामले ने उस समय और तूल पकड़ लिया जब बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता और पदाधिकारी भिलाई-3 थाने पहुंचे। कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन करते हुए आरोप लगाया कि सुनियोजित तरीके से भूपेश बघेल की राजनीतिक साख को नुकसान पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है। कांग्रेस नेताओं ने पुलिस से दोषियों की पहचान कर उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।
दरअसल, सोशल मीडिया पर वायरल स्क्रीनशॉट में दावा किया गया है कि महादेव ऐप के संचालक सौरभ चंद्राकर के कथित इंस्टाग्राम अकाउंट और भूपेश बघेल के नाम से जुड़े एक कथित यूजरनेम के बीच बातचीत हुई थी। वायरल चैट में दिखाए गए संदेशों को आधार बनाकर कुछ डिजिटल प्लेटफॉर्म और यूट्यूब चैनलों पर खबरें भी प्रसारित की गईं।
मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए भूपेश बघेल ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट से पोस्ट कर कहा कि सुबह से फोटोशॉप की गई फर्जी तस्वीरों के आधार पर भ्रामक खबरें चलाई जा रही हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि वायरल चैट का उनसे कोई संबंध नहीं है और यह जनता को गुमराह करने का प्रयास है। पूर्व मुख्यमंत्री ने दावा किया कि फर्जी सामग्री फैलाने वालों की जानकारी उनकी टीम के पास पहुंच चुकी है और जल्द ही उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
इधर, मामले में नया मोड़ तब आया जब यूट्यूबर पुष्पराज सिंह का एक वीडियो भी सामने आया। वीडियो में वह खुद को किसी पर सीधे आरोप न लगाने वाला बताते हुए कहता नजर आ रहा है कि वह तथ्यों और सबूतों के साथ सामने आएगा। वीडियो में उसने आत्महत्या जैसे संवेदनशील विषय का भी उल्लेख किया है, जिसकी अलग-अलग स्तर पर चर्चा हो रही है।
पुलिस प्रशासन ने भी मामले को गंभीरता से लिया है। छावनी सीएसपी प्रशांत पैकरा के अनुसार कांग्रेस कार्यकर्ताओं की शिकायत के आधार पर जांच शुरू कर दी गई है। प्रारंभिक कार्रवाई के तहत यूट्यूबर सागर साहू और पुष्पराज सिंह के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 353(2) के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस का कहना है कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
फिलहाल, कथित चैट की सत्यता को लेकर जांच जारी है, लेकिन इस पूरे घटनाक्रम ने छत्तीसगढ़ की राजनीति में नया विवाद खड़ा कर दिया है। आने वाले दिनों में पुलिस जांच और कानूनी प्रक्रिया से ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि वायरल चैट के पीछे सच्चाई क्या है और इसके लिए जिम्मेदार कौन है।

