कमिश्नर का कड़ा एक्शन, लापरवाही करना 32 अधिकारियों और कर्मचारियों को पड़ा महंगा,हुई कार्रवाई
Saturday, Apr 04, 2026-01:56 PM (IST)
(भोपाल): मध्य प्रदेश में 32 अधिकारियों और कर्मचारियों को नोटिस से खलबली मच गई है। दरअसल इनको लापरवाही भारी पड़ गई है। भोपाल में जनगणना 2027 की तैयारियों को लेकर नगर निगम प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है।
अहम बैठक से गायब रहना रहना 32 अधिकारियों और कर्मचारियों को भारी पड़ गया है। निगम ने लापरवाही बरतने वाले 13 सहायक यंत्रियों, 16 उपयंत्रियों के साथ ही 2 सुपरवाइजरों और एक समयपाल को कारण बताओ नोटिस जारी करके हड़कंप मचा दिया है। निगम आयुक्त संस्कृति जैन के निर्देश पर नोटिस जारी हुआ है । इस नोटिस में साफ किया है कि बैठक में अनुपस्थित रहने से जहां प्रशासनिक कार्य प्रभावित हुआ है, वहीं यह रवैया अनुशासनहीनता की श्रेणी में भी आता है।
इन सभी को सोमवार तक जवाब देने के लिए कहा गया है और साथ में कहा गया है कि संतोषजनक जवाब नहीं मिला तो कार्रवाई होगी। लापरवाही बरतने पर सहायक यंत्री आदित्य शर्मा, गौरव प्रजापति, केसी गुप्ता, अजय सोलंकी, शुभम वर्मा, निशांत तिवारी, एसबी सिंह, चंदन पिपलाद, ज्योति मानकेले, पवन मेहरा, अभिषेक मालवीय, अंकुर रायजादा और अमन सिंह पर से जवाब मांगा गया है।
वहीं उपयंत्री संजय बराडिय़ा, अमर सिंह यादव, आकृति पटेल, आदित्य खरे, अनिता मेहर, शुभकामना ठाकुर, सत्यम सिंह, अमित कुमार दुबे, कीर्ति तोमर, अजय राजावत, अमित दुबे, जोगेन्दर सिंह, रूपांकन वर्मा, जितेन्द्र गुप्ता और शीतल विश्वकर्मा से जवाब मांगा गया है।
लिहाजा निगम आयुक्त संस्कृति जैन ने साफ कर दिया है कि इस काम में लापरवाही बर्दास्त नहीं की जाएगी और बैठक से गायब रहना किसी कीमत पर मंजूर नहीं होगा। लिहाजा इस कार्रवाई से हड़कंप है।

