सोनम वांगचुक के समर्थन में उतरे MP के दिग्गज नेता, बोले- 'कुछ हुआ तो सांसद रहना पसंद नहीं करूंगा'
Tuesday, Jul 21, 2026-03:23 PM (IST)
भोपाल : नीट अभ्यर्थियों के मुद्दे पर आमरण अनशन कर रहे सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक का आंदोलन लगातार तेज होता जा रहा है। तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में भर्ती कराया गया है, लेकिन अस्पताल में भी उनका अनिश्चितकालीन उपवास जारी है। वहीं जंतर-मंतर पर उनके समर्थकों का प्रदर्शन भी जारी है, जिसे विपक्षी दलों का समर्थन मिल रहा है।
वांगचुक जी का अनिश्चितकालीन उपवास खत्म हो, यह सुनिश्चित करना संसद, सरकार और न्यायपालिका—सभी की सामूहिक ज़िम्मेदारी है। अगर उन्हें कोई नुकसान पहुँचता है, तो यह हम सबकी सामूहिक विफलता होगी। अगर ऐसा होता है, तो कम से कम मैं तो सांसद बने रहना बिल्कुल पसंद नहीं करूँगा।#SonamWangchuk
— Vivek Tankha (@VTankha) July 21, 2026
इसी बीच मध्य प्रदेश से कांग्रेस के राज्यसभा सांसद विवेक तन्खा ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि वांगचुक का अनिश्चितकालीन उपवास खत्म कराना संसद, सरकार और न्यायपालिका तीनों की सामूहिक जिम्मेदारी है। तन्खा ने कहा कि यदि वांगचुक को कोई नुकसान पहुंचता है तो यह पूरे सिस्टम की सामूहिक विफलता होगी और ऐसी स्थिति में वह सांसद बने रहना बिल्कुल पसंद नहीं करेंगे।
बता दें कि सोनम वांगचुक पिछले 23 दिनों से भूख हड़ताल पर हैं। उनकी तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें अस्पताल ले जाया गया, लेकिन उन्होंने अनशन समाप्त नहीं किया। साथ ही उन्होंने प्रशासन को पत्र लिखकर जंतर-मंतर पर वापस जाकर अपना आंदोलन जारी रखने की अनुमति भी मांगी है।

