Punjab Kesari MP ads

इस महिला विधायक और बसपा से बीजेपी में आए नेता पर भाजपा ने जताया भरोसा, सौंपी संगठनात्मक जिम्मेदारी

Wednesday, Sep 23, 2026-07:55 PM (IST)

रायपुर (पुष्पेंद्र सिंह) : भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने अपने संगठनात्मक ढांचे में नई जिम्मेदारियां तय करते हुए छत्तीसगढ़ के दो नेताओं को दूसरे राज्यों में सह-प्रभारी नियुक्त किया है। पत्थलगांव से विधायक गोमती साय को गुजरात का सह-प्रभारी, जबकि अकलतरा के पूर्व विधायक सौरभ सिंह को झारखंड का सह-प्रभारी बनाया गया है। पार्टी की बुधवार को जारी सूची में इन नियुक्तियों की पुष्टि हुई है।

CM साय पत्थलगांव विधायक एवं रायगढ़ की पूर्व सांसद गोमती साय को गुजरात भाजपा का सह-प्रभारी तथा छत्तीसगढ़ खनिज विकास निगम के अध्यक्ष एवं पूर्व विधायक सौरभ सिंह को झारखंड भाजपा का सह-प्रभारी बनाए जाने पर भी हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ के नेताओं को राष्ट्रीय स्तर पर संगठनात्मक जिम्मेदारियां मिलना प्रदेश के लिए प्रसन्नता और गौरव का विषय है। गोमती साय के दीर्घ सार्वजनिक अनुभव एवं जनसेवा के प्रति समर्पण से गुजरात में संगठन को लाभ मिलेगा, वहीं सौरभ सिंह की संगठनात्मक क्षमता और सक्रिय कार्यशैली से झारखंड में संगठनात्मक कार्यों को नई गति मिलेगी।

गोमती साय वर्तमान में छत्तीसगढ़ के पत्थलगांव विधानसभा क्षेत्र से भाजपा विधायक हैं। संगठन और निर्वाचित संस्थाओं में विभिन्न जिम्मेदारियां निभा चुकीं साय का राजनीतिक सफर स्थानीय निकाय से शुरू होकर संसद और विधानसभा तक पहुंचा है। वह 2005-2010 तक जशपुर जिला पंचायत सदस्य रहीं। वर्ष 2006-2008 के दौरान जशपुर जिला युवा मोर्चा की महामंत्री और 2008-2010 तक जशपुर भाजपा मंडल अध्यक्ष की जिम्मेदारी संभाली।  इसके बाद वह 2010-2015 तक फरसाबहार जनपद सदस्य और 2015-2019 तक जशपुर जिला पंचायत अध्यक्ष रहीं। वर्ष 2019 में रायगढ़ लोकसभा क्षेत्र से सांसद निर्वाचित हुईं और 2019-2023 तक लोकसभा में क्षेत्र का प्रतिनिधित्व किया। वर्ष 2023 के विधानसभा चुनाव में भाजपा ने उन्हें पत्थलगांव से प्रत्याशी बनाया, जहां जीत दर्ज कर वह विधायक बनीं। अब पार्टी ने उन्हें गुजरात में सह-प्रभारी के रूप में संगठनात्मक जिम्मेदारी दी है। 

वहीं, सौरभ सिंह जांजगीर-चांपा जिले की अकलतरा विधानसभा सीट से दो बार विधायक रह चुके हैं। उन्होंने अपना राजनीतिक सफर बहुजन समाज पार्टी (बसपा) से शुरू किया था। वर्ष 2008 में वह पहली बार विधायक निर्वाचित हुए। इसके बाद भाजपा में शामिल होकर वर्ष 2018 के विधानसभा चुनाव में अकलतरा सीट से जीत हासिल की और दूसरी बार विधानसभा पहुंचे। वर्ष 2023 के विधानसभा चुनाव में उन्हें हार का सामना करना पड़ा।  राजनीति के साथ सौरभ सिंह की अकादमिक पृष्ठभूमि भी उल्लेखनीय रही है। वह वर्ष 1998 और 1999 में दो बार संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) की सिविल सेवा परीक्षा के साक्षात्कार चरण तक पहुंचे थे। भाजपा की नई संगठनात्मक व्यवस्था के बाद गोमती साय गुजरात में तरुण चुघ और अजय महावर के साथ, जबकि सौरभ सिंह झारखंड में गजेंद्र पटेल और निवेदिता सिंह के साथ पार्टी के संगठनात्मक कामकाज में भूमिका निभाएंगे। 


सबसे ज्यादा पढ़े गए

Content Writer

meena

Related News