हाईकोर्ट ने कलेक्टर को नोटिस दिया, पूछा - जब कार्रवाई पर रोक थी तो किस आधार पर आदेश जारी किया?
Saturday, Feb 07, 2026-06:26 PM (IST)
बुरहानपुर। मध्यप्रदेश हाईकोर्ट की जबलपुर खंडपीठ ने बुरहानपुर के कलेक्टर हर्ष सिंह को अवमानना का नोटिस जारी कर कड़ा सवाल खड़ा किया है। अदालत ने पूछा है कि जब 28 जनवरी 2024 को कार्रवाई पर स्पष्ट रोक लगी थी, तो फिर 9 दिसंबर 2025 को 4500 छात्रों वाले स्कूल को बेदखली का आदेश किस आधार पर जारी किया गया?
यह टिप्पणी जस्टिस विशाल मिश्रा की एकलपीठ ने ताप्ती मिल की जमीन पर संचालित नेहरू मॉन्टेसरी सीनियर सेकेंडरी स्कूल से जुड़े मामले की सुनवाई के दौरान की। अदालत ने प्रथम दृष्टया कलेक्टर की कार्रवाई को न्यायालय के आदेश की खुली अवहेलना माना है।
मिल की जमीन पर स्कूल संचालन बना विवाद की जड़
मामला उस जमीन से जुड़ा है, जिस पर चिल्ड्रन एजुकेशनल सोसायटी वर्षों से स्कूल संचालित कर रही है। सोसायटी का तर्क है कि ताप्ती मिल केंद्र सरकार के अधीन है, ऐसे में जिला कलेक्टर को बेदखली का अधिकार ही नहीं है।
हाईकोर्ट की टिप्पणी से प्रशासन में हलचल
हाईकोर्ट के इस रुख के बाद प्रशासनिक हलकों में खलबली मची हुई है। वहीं स्कूल प्रबंधन और सोसायटी ने यह कहते हुए मीडिया से दूरी बना ली है कि मामला न्यायालय में विचाराधीन है, इसलिए किसी भी तरह की सार्वजनिक प्रतिक्रिया नहीं दी जाएगी।
24 फरवरी को अगली सुनवाई
अब इस पूरे मामले में 24 फरवरी को अगली सुनवाई होनी है। कलेक्टर द्वारा दिए जाने वाले जवाब और हाईकोर्ट के अगले फैसले पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं।

