उस गांव में पहुंची महिला कलेक्टर जहां आज तक कोई नहीं पहुंच पाया,सचिव के साथ Bike पर बैठकर ग्रामीणों के बीच दी दस्तक
Sunday, Apr 12, 2026-12:15 AM (IST)
(गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही): छतीसगढ़ में एक महिला IAS आफिसर ने उस इलाके में दस्तक दी है जहां पर आज से पहले कोई अफसर नहीं जा पाया था। IAS लीना मंडावी बाइक से गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही के सुदूर गांव साचरखूंटा में पहुंची और गांववालों की समस्याएं सुनीं। उन्होंने जनचौपाल लगाकर ग्रामीणों की दिक्कतो को जाना और उनको दूर करने के निर्देश दिए गए।
साचरखूंटा गांव में पहली बार जिला कलेक्टर को जनचौपाल लगाकर देखना गांववालों को चकित कर गया। इस मौके पर ग्राम जोहार अभियान के तहत शिक्षा, स्वास्थ्य और बाल विवाह रोकने जैसी सामाजिक जागरूकता पर जोर दिया गया। गांव साचरखूंटा में ‘ग्राम जोहार अभियान' के तहत ही जनचौपाल लगाया गया था। इस दौरान कलेक्टर लीना कमलेश मंडावी ग्राम सचिव के साथ करीब 3 से 4 किलोमीटर तक बाइक पर सवार होकर खराब रास्तों को पार करते हुए गांव पहुंचीं।

कलेक्टर ने गांववालों की दिक्कतो को करीब से जाना, दिए निर्देश
जनचौपाल में जिला कलेक्टर लीना मंडावी ने ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं और संबंधित अधिकारियों को निराकरण के निर्देश दिए। जनचौपाल के दौरान ग्रामीणों ने पहुंच मार्ग, वन अधिकार पत्र सहित विभिन्न समस्याओं को लेकर आवेदन प्रस्तुत किए। इस मौके पर विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने कृषि, उद्यानिकी, फसल बीमा, पशुपालन, सामाजिक सुरक्षा पेंशन और दूसरी कोई योजनाओं और सेवाओं की जानकारी दी।
पहली बार गांव पहुंचा था प्रशासन
साचरखूंटा गांव एक ऐसा गांव है जहां पर अब तक अनुविभागीय अधिकारी स्तर तक का कोई अधिकारी नहीं पहुंच पाया था। जिले के अस्तित्व में आने के बाद ये पहला मौका था जब कोई कलेक्टर इस वनांचल गांव में पहुंचा। लिहाजा लीना मंडावी ने गांववालों के साथ आत्मीय संवाद किया और दिक्कतों को दूर करने की बात कही।

