इंदौर में मृतकों के परिजनों से मिले जीतू-सिंघार, बोले- प्रशासन की लापरवाही से गई जानें, पीड़ितों को 1-1 करोड़ रुपए दे सरकार
Tuesday, Jan 06, 2026-05:55 PM (IST)
इंदौर (सचिन बहरानी) : इंदौर के चर्चित दूषित पानी के मामले में आज कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी और नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार भागीरथपुरा पहुंचे, लेकिन इससे पहले ही पुलिस ने भागीरथपुरा इलाके को छावनी में तब्दील कर दिया। पूरे इलाके में बैरिकेट्स लगा दिए गए और किसी भी बाहरी व्यक्ति के प्रवेश पर रोक लगा दी गई। ऐसे में जब बड़ी संख्या में कांग्रेसी यहां पहुंचे तो पुलिस ने उन्हें भी रोक दिया। इस दौरान जीतू पटवारी और उमंग सिंघार की पुलिस से बहस भी हुई। दोनों नेता दूषित पानी से पीड़ित परिवार से मिलने की मांग पर अड़े रहे तो वहीं पुलिस लगातार बहाना बनाती रही।
आज इंदौर में जहरीला पानी पीने से मृतक पीड़ितों के परिजनों से मिल रहा हूँ। यह वीडियो डालना नहीं चाहता था, लेकिन बड़े भारी और दुखद मन से कहना पड़ रहा है कि मुख्यमंत्री जी, 17 लोगों की मौत तो कागज़ी आँकड़ों में दर्ज है, फिर भी सिर्फ 4 लोगों को दो लाख रुपये का मुआवजा मिला है।
— Jitendra (Jitu) Patwari (@jitupatwari) January 6, 2026
यह… pic.twitter.com/OFnsoIIumC
काफी बहसबाजी के बाद पुलिस ने जीतू पटवारी और उमंग सिंघार सहित 10 लोगों को पीड़ित परिवार से मिलने की अनुमति दी, जिसके बाद कांग्रेसी पीड़ित परिवार से मिले और उनसे चर्चा करते हुए पूरे मामले की जानकारी ली।

इस दौरान जीतू पटवारी ने मीडिया से बात करते हुए प्रदेश सरकार को जमकर घेरा और सरकार से मृतकों के परिजनों को एक करोड़ रूपए देने की मांग की। जीतू पटवारी ने आरोप लगाया कि प्रदेश सरकार की लापरवाही से भागीरथपुरा में इस तरह के हालात बने है, फिलहाल दूषित पानी से मौत और लगातार बढ़ रही मरीजों की संख्या को लेकर प्रदेश सरकार चौतरफा घिरती हुई नजर आ रही है।

