रस्सी लेकर SP ऑफिस पहुंचा युवक, थाना प्रभारी पर लगाए गंभीर आरोप, कहा- न्याय न मिला तो कर लूंगा आत्महत्या
Wednesday, Mar 26, 2025-04:05 PM (IST)

छतरपुर (राजेश चौरसिया) : छतरपुर जिले के हरपालपुर थाना क्षेत्र के रहने वाले एक युवक ने मंगलवार को जिला मुख्यालय पर पुलिस अधीक्षक कार्यालय में आवेदन देते हुए कहा कि हरपालपुर थाना प्रभारी ने उसके ऊपर रंजिश के तहत कई झूठे मामले दर्ज कर दिए हैं। युवक रस्सी हाथ में लेकर एसपी ऑफिस पहुंचा था और उसका कहना था कि यदि उसे न्याय नहीं मिला तो वह आत्महत्या कर लेगा।
ग्राम गलान निवासी बृजपाल पुत्र ग्यासी अहिरवार ने बताया कि 7 अक्टूबर 2024 को गांव के कुछ लोगों के साथ पुलिसकर्मियों द्वारा मारपीट की गई थी, जिसके वीडियो उसने वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को भेज दिए थे। इसी बात से हरपालपुर थाना प्रभारी पुष्पक शर्मा नाराज हो गए। बृजपाल के मुताबिक इसी नाराजगी के चलते थाना प्रभारी पुष्पक शर्मा ने हरपालपुर थाना में उसके विरुद्ध कई झूठे मामले दर्ज कर दिए हैं। बृजपाल ने बताया कि उसके ऊपर दर्ज किए गए एक मामले में जिस लड़की को फरियादी बनाया गया है, वह लड़की कभी उससे मिली नहीं है। जब लड़की से बृजपाल ने बात की तो उसने बताया कि हरपालपुर थाना प्रभारी के कहने पर उसने बयान दिए हैं।
बृजपाल के ऊपर दर्ज किए गए एक अन्य मामले में जिस समय का उल्लेख किया गया है उस समय पर वह अपने घर पर चल रहे जन्मदिन समारोह में था, जिसके फोटो-वीडियो उसके पास हैं।बृजपाल ने एसपी ऑफिस में आवेदन देकर उसके ऊपर दर्ज किए गए मामलों की निष्पक्ष जांच कराने और थाना प्रभारी पुष्पक शर्मा पर कार्रवाई कराए जाने की मांग की है।
थाना प्रभारी बोले- आरोप बेबुनियाद
वहीं इस मामले में हरपालपुर थाना प्रभारी पुष्पक शर्मा ने बताया कि गलान निवासी बृजपाल के विरुद्ध तीन मामले पहले से दर्ज हैं और चौथा नया मामला मंगलवार को दर्ज हुआ है। उन्होंने बताया कि बृजपाल के ऊपर दर्ज दो मामलों में कोर्ट ने उसे आरोपी बनाया है। तीसरा मामला उसके परिवार के लोगों से ही विवाद का था, जिसमें क्रॉस केस दर्ज किया गया था। मंगलवार को दर्ज हुए मामले की फरियादी सीता अहिरवार का कहना है कि बीते रोज बृजपाल ने राजीनामा का दबाव बनाने के लिए उसके साथ मारपीट की है। सीता की शिकायत पर बृजपाल सहित तीन लोगों पर मामला दर्ज किया गया है। बृजपाल द्वारा रंजिश के तहत अपराध दर्ज करने के जो आरोप लगाए जा रहे हैं, वे सभी बेबुनियाद हैं।