शाह जैसा चाणक्य लीडर कांग्रेस के पास एक भी नहीं...इस्तीफे के बाद अचानक भाजपा की तारीफ करने लगे कांग्रेस नेता
Friday, Jun 12, 2026-08:39 PM (IST)
भोपाल : मध्य प्रदेश में कांग्रेस से राज्यसभा चुनाव की उम्मीदवार मीनाक्षी नटराजन को सुप्रीम कोर्ट से बड़ा झटका लगा है। नामांकन केस में उन्हें किसी प्रकार की कोई राहत नहीं मिली है। कुल मिलाकर कहा जा सकता है कि प्रदेश की तीनों राज्यसभा सीटों पर भाजपा के प्रत्याशी निर्विरोध विजेता बने हैं। इसी बीच कांग्रेस से इस्तीफा दे चुके नेता नरेश ज्ञानचंदानी की एक पोस्ट से सियासी हलचल तेज हो गई है। ये वहीं ज्ञानचंदानी है जिन्होंने मीनाक्षी नटराजन का नाम बतौर उम्मीदवार घोषित होते ही सबसे पहले विरोध दर्ज करवाया था और दिग्विजय सिंह को इस सीट के लिए परफेक्ट उम्मीदवार बताया था। इतना ही नहीं इसी विरोध के चलते उन्होंने कांग्रेस से इस्तीफा दे दिया था। अब जब मीनाक्षी नटराजन का नामांकन रद्द हो चुका है और भाजपा के महेश केवट विजेता घोषित हो चुके हैं तो नरेश ज्ञानचंदानी की एक पोस्ट सामने आई है। जिसके बाद सवाल उठने लगे हैं कि क्या नरेश ज्ञानचंदानी भाजपा में चले जाएंगे?
आदरणीय @RahulGandhi , @priyankagandhi , जैसे भाजपा में अमित शाह जैसा चाणक्य लीडर है वो लगातार पार्टी को हर जगह जिता रहा है ऐसा इस समय आपके पास एक भी नेता नहीं है और जो है उसकी कद्र नहीं है
— Naresh Gyanchandani (@nareshgyanchand) June 12, 2026
मैंने कई बार मैसेज किया था कि राजनीति के चाणक्य श्री दिग्विजय सिंह जी की सख्त जरूरत है ।
भोपाल की हुजूर विधानसभा सीट से कांग्रेस के दो बार प्रत्याशी रह चुके नरेश ज्ञानचंदानी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर राहुल गांधी और प्रियंका गांधी को टैग करते हुए लिखा- जैसे भाजपा में अमित शाह जैसा चाणक्य लीडर है वो लगातार पार्टी को हर जगह जिता रहा है ऐसा इस समय आपके पास एक भी नेता नहीं है और जो है उसकी कद्र नहीं है। मैंने कई बार मैसेज किया था कि राजनीति के चाणक्य दिग्विजय सिंह की सख्त जरूरत है।
आदरणीय @RahulGandhi , @priyankagandhi
— Naresh Gyanchandani (@nareshgyanchand) June 10, 2026
अगर मेरे आग्रह को गंभीरता से लिया होता तो आज यह स्थिति उत्पन्न नहीं हो पाती
आज कांग्रेस यह राज्यसभा सीट जीत भी लेती।
मैं हमेशा पार्टी के हित में ही आपको ट्वीट करता हूं। सादर सहित https://t.co/ipu2Tl5r4J
बता दें कि करीब 37 वर्षों तक कांग्रेस से जुड़े रहे ज्ञानचंदानी का यह पोस्ट ऐसे समय सामने आई है। जब राज्यसभा चुनाव में हार के बाद प्रदेश की राजनीति गर्माई हुई है। ज्ञानचंदानी Digvijaya Singh के करीबी माने जाते रहे हैं और अक्सर प्रदेश की राजनीति को लेकर सोशल मीडिया पर सक्रिय रहते हैं। अचानक से अमित शाह का इस कद्र गुणगान करते हुए कांग्रेस पर सवाल उठाना कहीं न कहीं उनका भाजपा के प्रति विश्वास और भरोसा पैदा करना दर्शाता है। इतना ही नहीं इससे पहले भी उन्होंने मीनाक्षी नटराजन का नामांकन रद्द होने को लेकर अपने फैसले को सही बताते हुए राहुल गांधी और प्रियंका गांधी को टैग करते हुए लिखा था- अगर मेरे आग्रह को गंभीरता से लिया होता तो आज यह स्थिति उत्पन्न नहीं हो पाती आज कांग्रेस यह राज्यसभा सीट जीत भी लेती। मैं हमेशा पार्टी के हित में ही आपको ट्वीट करता हूं।

