सागर में जहरीली शराब पर उमा भारती का बड़ा सवाल- सांसद-विधायक क्या कर रहे थे? शराब बिकती रही, किसी को पता नहीं चला?
Monday, Sep 07, 2026-10:11 PM (IST)
उज्जैन। पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती सोमवार को भगवान महाकाल के दर्शन के लिए उज्जैन पहुंचीं। महाकाल मंदिर में पूजा-अर्चना के बाद उन्होंने सागर में जहरीली शराब से हुई मौतों के मामले पर अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने सीधे तौर पर स्थानीय जनप्रतिनिधियों और प्रशासन की भूमिका पर सवाल खड़े किए। उमा भारती ने कहा कि किसी इलाके में यदि लंबे समय से अवैध शराब का कारोबार चल रहा हो और उसके कारण लोगों की जान चली जाए, तो यह सवाल उठना स्वाभाविक है कि वहां के जनप्रतिनिधियों को इसकी जानकारी थी या नहीं।
उन्होंने कहा कि सरपंच, पंचायत प्रतिनिधि, जनपद और जिला पंचायत के पदाधिकारियों से लेकर पार्षद, विधायक और सांसद तक की जिम्मेदारी बनती है कि वे अपने क्षेत्र की समस्याओं और गैरकानूनी गतिविधियों पर नजर रखें।
'क्या किसी को अवैध शराब की जानकारी नहीं थी?'
उमा भारती ने सवाल उठाते हुए कहा कि यदि जहरीली शराब का कारोबार क्षेत्र में चल रहा था, तो इतने स्तरों पर मौजूद जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों को इसकी जानकारी क्यों नहीं मिली? उन्होंने इसे जनप्रतिनिधियों के कर्तव्य और जिम्मेदारी से जोड़ते हुए जवाबदेही तय किए जाने की बात कही।
उन्होंने कहा कि शराब से जुड़ी ऐसी घटनाओं में कई परिवार प्रभावित होते हैं और लोगों की जान चली जाती है। ऐसे मामलों में केवल घटना के बाद कार्रवाई करने के बजाय पहले से निगरानी और रोकथाम जरूरी है।
शराबबंदी को लेकर CM मोहन यादव की तारीफ
उमा भारती ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के शराबबंदी से जुड़े प्रयासों की सराहना भी की। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री इस दिशा में अच्छा काम कर रहे हैं और शराब के दुष्प्रभावों को रोकने के लिए गंभीरता से प्रयास किए जाने चाहिए।

