क्रॉस वोटिंग की आशंका से अलर्ट कांग्रेस, राज्यसभा चुनाव से पहले होटल में रखे जा सकते हैं MLA
Friday, Jun 05, 2026-12:33 PM (IST)
भोपाल: मध्यप्रदेश में राज्यसभा चुनाव की सरगर्मी अब खुलकर दिखाई देने लगी है। भाजपा और कांग्रेस दोनों ने अपने-अपने उम्मीदवारों के नामों का ऐलान कर दिया है, लेकिन राजनीतिक गलियारों में सबसे ज्यादा चर्चा कांग्रेस की आगामी रणनीति को लेकर हो रही है। पार्टी ने पूर्व सांसद और राहुल गांधी की करीबी मानी जाने वाली मीनाक्षी नटराजन को राज्यसभा उम्मीदवार बनाकर स्पष्ट संकेत दे दिया है कि वह इस चुनाव को पूरी गंभीरता से लड़ने जा रही है।
उम्मीदवार की घोषणा के साथ ही कांग्रेस ने अपने विधायकों को एकजुट रखने की कवायद भी तेज कर दी है। सूत्रों के मुताबिक, पार्टी नेतृत्व राज्यसभा चुनाव तक अपने सभी विधायकों की बाड़ाबंदी कर सकता है। इसके तहत विधायकों को किसी होटल या सुरक्षित स्थान पर एक साथ रखा जा सकता है, वहीं आवश्यकता पड़ने पर उन्हें दूसरे राज्य भी भेजा जा सकता है। राजनीतिक जानकार इसे चुनावी गणित को साधने और किसी भी प्रकार की क्रॉस वोटिंग की आशंका को खत्म करने की रणनीति मान रहे हैं।
बताया जा रहा है कि कांग्रेस ने प्रत्याशी की घोषणा से पहले ही प्रस्तावक और समर्थक विधायकों के हस्ताक्षर करा लिए थे। अब केवल उम्मीदवार का नाम दर्ज कर औपचारिक प्रक्रिया पूरी की जाएगी। इसी कड़ी में शनिवार को कांग्रेस विधायक दल की बैठक बुलाई गई है, जिसमें मीनाक्षी नटराजन के समर्थन का प्रस्ताव पारित होने के साथ-साथ विधायकों की बाड़ाबंदी पर भी अंतिम फैसला लिया जा सकता है।
दूसरी ओर, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने भी राज्यसभा चुनाव के बीच राजनीतिक माहौल को और गर्म कर दिया है। उज्जैन में मीडिया से चर्चा करते हुए उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2028 में मध्यप्रदेश में कांग्रेस की सरकार बनेगी। पटवारी ने केंद्र और राज्य सरकार पर तीखे हमले बोलते हुए किसानों, युवाओं और आम जनता के मुद्दों को प्रमुखता से उठाया। उन्होंने कहा कि प्रदेश में बदलाव की बयार चल रही है और आने वाले विधानसभा चुनाव में जनता भाजपा को जवाब देगी।
राज्यसभा चुनाव भले ही संख्या बल का खेल माना जाता हो, लेकिन मध्यप्रदेश में इसके बहाने राजनीतिक दलों ने 2028 के विधानसभा चुनाव की जमीन तैयार करना भी शुरू कर दिया है। ऐसे में कांग्रेस की बाड़ाबंदी की रणनीति और भाजपा की चुनावी तैयारियां आने वाले दिनों में प्रदेश की राजनीति को और दिलचस्प बना सकती हैं।

