दामोदर यादव के बड़े आरोप, सिंधिया के इशारे पर काम कर रहे गुना कलेक्टर, पूर्व मंत्री सिसौदिया को भी सुनाई खरी-खरी
Wednesday, Feb 18, 2026-01:14 PM (IST)
गुना : आजाद समाज पार्टी और भीम आर्मी द्वारा निकाली जा रही 'संकल्प यात्रा' बुधवार को गुना पहुंची, जहां संगठन के नेताओं ने प्रदेश की सियासत और जिला प्रशासन पर जमकर हमला बोला। राष्ट्रीय कोर कमेटी सदस्य दामोदर यादव और पूर्व प्रदेश अध्यक्ष सुनील अस्ते के नेतृत्व में पहुंची। इस दौरान आजाद समाज पार्टी ने केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया पर भी गंभीर आरोप लगाए।

नेताओं ने कहा कि गुना कलेक्टर सिंधिया के इशारे पर काम कर रहे हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि पूर्व मंत्री महेंद्र सिंह सिसौदिया को जनता ने चुनाव में नकार दिया है, इसके बावजूद वे प्रशासनिक बैठकों में कलेक्टर और एसपी के बीच क्यों बैठते हैं? संगठन ने चेतावनी दी कि यदि यह व्यवस्था नहीं सुधरी तो आजाद समाज पार्टी उग्र आंदोलन करेगी। इसके साथ ही बमौरी ब्लॉक के 75 गांवों में सीमांकन और बंदोबस्त न होने तथा किसानों को पट्टे मिलने के बाद भी कब्जा न मिलने का मुद्दा प्रमुखता से उठाया गया।
सुनील अस्ते ने बताया कि नागपुर से ग्वालियर तक निकाली जा रही यह संकल्प यात्रा बाबा साहब अंबेडकर की प्रतिमा की स्थापना के लिए है। उन्होंने आरोप लगाया कि ग्वालियर हाईकोर्ट में प्रतिमा लगने में अड़ंगा डालने वाले लोग 'मनुवादी' मानसिकता के हैं, जो एससी, एसटी और पिछड़ा वर्ग से नफरत करते हैं। भीम आर्मी ने दो टूक चेतावनी दी कि यदि 14 मार्च तक हाईकोर्ट परिसर में प्रतिमा स्थापित नहीं हुई, तो 15 मार्च को संगठन स्वयं वहां प्रतिमा स्थापित कर देगा।

इस यात्रा के दौरान सबसे ज्यादा चर्चा भाजपा विधायक पन्नालाल शाक्य को लेकर रही। पार्टी नेताओं ने विधायक शाक्य को 'शोषित और बेबस' बताते हुए उन्हें आजाद समाज पार्टी में शामिल होने का खुला ऑफर दे दिया।
यात्रा के दौरान संगठन के कार्यकर्ता अपने साथ एक कुर्सी लेकर आए थे, जिस पर विधायक पन्नालाल शाक्य का नाम लिखा हुआ था। दामोदर यादव ने आरोप लगाया कि गुना जिला प्रशासन और कलेक्टर, जनप्रतिनिधियों को काम नहीं करने दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि पन्नालाल शाक्य को गरीब, बेबस और लाचार बना दिया गया है, उनकी सुनवाई खुद प्रशासन नहीं कर रहा है। इसी के विरोध स्वरूप यह कुर्सी कलेक्टर को भेंट की जाएगी ताकि उन्हें अहसास हो कि चुने हुए विधायक की क्या स्थिति है। दामोदर यादव ने सीधे तौर पर पन्नालाल शाक्य से अपील की कि यदि वे बाबा साहब के संविधान को मानते हैं, तो भाजपा का साथ छोड़कर आजाद समाज पार्टी में आ जाएं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि यहां उन्हें पूरा सम्मान, पद और अधिकार दिया जाएगा।

