MP में खाकी हुई शर्मसार: GRP थाना प्रभारी अफीम की तस्करी में गिरफ्तार
Friday, Jul 10, 2026-06:36 PM (IST)
नीमच (मूलचंद खींची) : मध्यप्रदेश के मालवा अंचल से इस वक्त की सबसे बड़ी और चौंकाने वाली खबर सामने आ रही है, जिसने पुलिस महकमे में हड़कंप मचा दिया है। कानून के रखवाले ही जब 'काले सोने' (अफीम) के काले कारोबार में शामिल हो जाएं, तो रक्षक और भक्षक का फर्क मिट जाता है। नीमच जिले की जीरन थाना पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए शामगढ़ (मन्दसौर) में पदस्थ GRP थाना प्रभारी कन्हैयालाल भाटी को अफीम तस्करी के मामले में गिरफ्तार कर लिया है। इस हाई-प्रोफाइल गिरफ्तारी के बाद तब और विस्फोट हो गया, जब आरोपी थाना प्रभारी ने खुलेआम अपने ही एक साथी थाना प्रभारी पर फंसाने का बेहद संगीन और सनसनीखेज आरोप मढ़ दिया!
तस्कर के कबूलनामे से खुला 'खाकी' का राज
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, इस पूरे काले खेल का भंडाफोड़ तब हुआ जब कुछ दिन पहले जीरन थाना पुलिस ने मंगलसिंह नाम के एक अफीम तस्कर को भारी मात्रा में अफीम के साथ दबोचा था। पुलिसिया पूछताछ और सख्ती के आगे तस्कर ज्यादा देर टिक नहीं सका और उसने उगल दिया वो राज, जिसने जीरन पुलिस के भी होश उड़ा दिए।
तस्कर मंगलसिंह ने कबूल किया कि वह जो डेढ़ किलो अफीम लेकर जा रहा था, वह उसे किसी और ने नहीं बल्कि GRP (रेलवे पुलिस) में पदस्थ एक एएसआई (ASI) के जरिए मिली थी। कड़ियों से कड़ियाँ जुड़ीं, तो जांच की आंच सीधे शामगढ़ GRP थाना प्रभारी कन्हैयालाल भाटी (जो पूर्व में नीमच GRP थाना प्रभारी भी रह चुके हैं) तक पहुँच गई। साक्ष्य मिलते ही जीरन पुलिस ने बिना वक्त गंवाए सीधे ऐक्शन लिया और खाकी को दागदार करने वाले अधिकारी को धर दबोचा।
"मुझे कपिल सोराष्ट्री ने फंसाया है!" – आरोपी GRP प्रभारी का पलटवार गिरफ्तारी के बाद मामले में उस वक्त नया मोड़ आ गया जब आरोपी GRP थाना प्रभारी कन्हैयालाल भाटी ने मीडिया और पुलिस के सामने चिल्ला-चिल्लाकर गंभीर आरोप लगाए। भाटी का सीधा आरोप है कि यह पूरी कार्रवाई एक सोची-समझी साजिश है। भाटी ने खुलकर नाम लेते हुए कहा, "मुझे शामगढ़ थाना प्रभारी कपिल सोराष्ट्री ने जानबूझकर इस झूठे केस में फंसाया है। इस मामले में मंदसौर जिले के शामगढ़ थाना प्रभारी कपिल सौराष्ट्री ने कहा कि नीमच की पुलिस गिरफ्तार करने के लिए आई थी, मैं साथ गया था, मुझ पर गलत आरोप लगा रहे हैं!

