पुलिस आरक्षक आत्महत्या मामले में सिंघार ने सरकार को घेरा, कहा- सिस्टम की सच्चाई सामने लाने के लिए जान की कीमत चुकानी पड़ी
Monday, Feb 09, 2026-01:23 PM (IST)
नीमच : मध्यप्रदेश के नीमच जिले में एक पुलिस आरक्षक के कथित तौर पर अपने ही विभाग में भ्रष्टाचार के आरोप लगाते हुए आत्महत्या करने के मामले में कांग्रेस भारतीय जनता पार्टी सरकार पर हमलावर हो गई है। विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने इस मामले में सोशल मीडिया पर बयान जारी करते हुए कहा कि जब प्रशासन के ही नुमाइंदे अपने ही सिस्टम पर गंभीर आरोप लगाने लगे और प्रधान आरक्षक आत्महत्या को मजबूर हो जाए तो यह सीधे भाजपा सरकार के तथाकथित सुशासन पर बड़ा सवाल है।
उन्होंने कहा कि नीमच में प्रधान आरक्षक ने प्रशासनिक तंत्र में व्याप्त भ्रष्टाचार से त्रस्त होकर आत्महत्या की। यह घटना न केवल निंदनीय है, बल्कि अत्यंत चिंताजनक भी है। मरते समय कोई झूठ नहीं बोलता यह भ्रष्टाचार की पराकाष्ठा है कि सिस्टम की सच्चाई सामने लाने की कीमत एक व्यक्ति को अपनी जान देकर चुकानी पड़ी।
उन्होंने मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव से आग्रह किया कि मामले की स्वतंत्र व निष्पक्ष जांच हो और दोषी अधिकारियों पर कठोर कार्यवाही सुनिश्चित की जाए। नीमच में पदस्थ प्रधान आरक्षक होशियार सिंह अहीर ने कल दोपहर कथित तौर पर अपने विभाग में भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए जहर खा लिया।
बताया जा रहा है कि प्रधान आरक्षक ने इसके पहले पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों को संबोधित करते हुए एक पत्र लिखा था, जिसमें उन्होंने विभाग के अंदरूनी कार्यों के बदले पैसा लिए जाने के गंभीर आरोप लगाए थे। जहर खाने के कुछ ही घंटों बाद प्रधान आरक्षक की मौत हो गई।

